पर्यावरण संतुलन और ऋतु परिवर्तन के अध्ययन में पारंपरिक काल-मान पद्धतियों की प्रासंगिकता. (2024). शोध प्रकाशन SHODH PRAKASHAN, 2(4), 69-83. https://shodhprakashan.in/index.php/journal/article/view/165